रसोई के लिए व्यावहारिक और आकर्षक गलीचा कैसे चुनें
रसोई के गलीचे का चुनाव करते समय पानी प्रतिरोधी सामग्री, आसान सफाई, और रसोई के डिज़ाइन से मेल खाने वाले रंग-पैटर्न को प्राथमिकता दें।
- सही साइज़ मापें. पहले तय करें कि गलीचा कहाँ रखना है - सिंक के सामने, स्टोव के नीचे या किचन आइलैंड के आसपास। उस जगह को नापें और गलीचे का साइज़ तय करें। सिंक के सामने के लिए 2x3 फुट का गलीचा आदर्श होता है, जबकि लंबी काउंटर के लिए रनर स्टाइल का गलीचा बेहतर होता है।
- पानी प्रतिरोधी सामग्री चुनें. रसोई में पानी के छींटे आम बात हैं, इसलिए विनाइल, रबर, या पॉलीप्रोपाइलीन जैसी वाटरप्रूफ सामग्री चुनें। बांस या जूट के गलीचे भी अच्छे विकल्प हैं क्योंकि ये प्राकृतिक रूप से नमी प्रतिरोधी होते हैं। कॉटन या ऊन के गलीचे रसोई के लिए उपयुक्त नहीं होते।
- आसान सफाई वाला डिज़ाइन देखें. ऐसे गलीचे चुनें जिन्हें आसानी से धोया जा सके। मशीन वॉशेबल गलीचे सबसे अच्छे होते हैं। गहरे रंग या पैटर्न वाले गलीचे दाग-धब्बे छुपाने में मदद करते हैं। सफेद या हल्के रंग के गलीचे जल्दी गंदे दिखते हैं और ज्यादा रखरखाव मांगते हैं।
- रसोई के रंग स्कीम से मैच करें. गलीचे का रंग आपकी रसोई के कैबिनेट, दीवार या काउंटरटॉप के रंग से मेल खाना चाहिए। न्यूट्रल रंग जैसे बेज, ग्रे या नेवी ब्लू हर तरह की रसोई में सूट करते हैं। यदि रसोई में पहले से ही बहुत रंग हैं तो सादा गलीचा चुनें, अगर रसोई सादी है तो पैटर्न वाला गलीचा ले सकते हैं।
- सुरक्षा के लिए नॉन-स्लिप फीचर चुनें. रसोई में फिसलन भरे फर्श पर गलीचा खतरनाक हो सकता है। ऐसे गलीचे चुनें जिनके नीचे रबर बैकिंग हो या अलग से नॉन-स्लिप पैड खरीदें। गलीचे के किनारे फ्रेड या टेसल वाले न हों क्योंकि इनमें पैर अटकने का खतरा होता है।
- मोटाई और कुशनिंग देखें. रसोई में लंबे समय तक खड़े रहने की वजह से पैरों में दर्द होता है। मध्यम मोटाई का गलीचा (5-8 मिमी) आराम देता है लेकिन ज्यादा मोटा नहीं होना चाहिए क्योंकि इससे ट्रिप करने का खतरा होता है। जेल फोम या मेमोरी फोम बैकिंग वाले गलीचे पैरों को अतिरिक्त आराम देते हैं।