कमरे को बड़ा दिखाने के लिए शीशों का सही उपयोग कैसे करें
रणनीतिक स्थानों पर बड़े शीशे लगाकर और प्रकाश को दर्शाकर किसी भी कमरे को दोगुना बड़ा दिखाया जा सकता है।
- मुख्य दीवार का चुनाव करें. सबसे लंबी दीवार या खिड़की के सामने वाली दीवार चुनें। यह दीवार प्रकाश को सबसे अच्छा दर्शाएगी और गहराई का भ्रम पैदा करेगी। अगर कमरे में प्राकृतिक रोशनी कम है, तो मुख्य प्रकाश स्रोत के सामने शीशा लगाएं।
- बड़ा शीशा लगाएं. जितना बड़ा शीशा हो सके, उतना बेहतर। दीवार से दीवार तक का शीशा सबसे प्रभावी होता है। शीशे को फर्श से छत तक लगाने से कमरा काफी ऊंचा दिखेगा। यदि बजट की समस्या है, तो कम से कम 3-4 फुट चौड़ा शीशा जरूर लगाएं।
- कोने में शीशे की व्यवस्था. कमरे के कोने में दो दीवारों पर शीशे लगाने से अनंत प्रतिबिंब का प्रभाव मिलता है। यह तकनीक छोटे कमरों में बहुत प्रभावी होती है। कोने के शीशे एक-दूसरे से 90 डिग्री का कोण बनाकर लगाएं।
- प्रकाश के साथ तालमेल. शीशों को इस तरह लगाएं कि वे प्राकृतिक और कृत्रिम दोनों प्रकाश को दर्शाएं। खिड़की के सामने या बगल में शीशा लगाने से प्राकृतिक रोशनी दोगुनी हो जाती है। रात में चांदनी या लैंप की रोशनी भी अच्छा प्रभाव देती है।
- फर्नीचर के साथ संतुलन. शीशे के सामने भारी या बड़े फर्नीचर न रखें। इससे शीशे का प्रभाव कम हो जाता है। हल्के रंग के और पतले फर्नीचर का उपयोग करें जो शीशे में अच्छा दिखें। पारदर्शी या कांच के फर्नीचर सबसे बेहतर विकल्प हैं।
- सही ऊंचाई पर लगाएं. शीशे को आंखों की ऊंचाई पर या थोड़ा ऊपर लगाएं। सामान्यतः फर्श से 5-6 फुट की ऊंचाई सही होती है। यदि शीशा बहुत नीचे या बहुत ऊपर होगा, तो वांछित प्रभाव नहीं मिलेगा।