फलदार पेड़ों की छंटाई करने की सम्पूर्ण गाइड - बेहतर फसल के लिए
फलदार पेड़ों की छंटाई सर्दियों में निष्क्रिय अवस्था के दौरान करनी चाहिए, जिससे हवा का संचार बेहतर हो और धूप सभी शाखाओं तक पहुंच सके।
- सही समय का चुनाव. छंटाई का काम सर्दियों के अंत में फरवरी-मार्च में करें जब पेड़ निष्क्रिय अवस्था में हो। इस समय पेड़ों में नई कलियां अभी नहीं निकली होतीं और छंटाई से होने वाला नुकसान कम होता है। आम, अमरूद, नीबू जैसे पेड़ों के लिए यह समय सबसे उपयुक्त है।
- उपकरणों की तैयारी. तेज़ और साफ कैंची या आरी का इस्तेमाल करें। उपकरणों को अल्कोहल या फिनाइल से साफ कर लें ताकि बीमारी न फैले। मोटी शाखाओं के लिए हैंड सॉ और पतली डालियों के लिए प्रूनिंग शियर्स रखें। सुरक्षा के लिए दस्ताने और चश्मा पहनें।
- मृत और रोगग्रस्त शाखाओं को हटाना. सबसे पहले सूखी, टूटी या बीमार शाखाओं को काट दें। ये शाखाएं भूरी या काली दिखती हैं और इनमें कोई पत्ती नहीं होती। जड़ के पास से साफ कटाई करें और कटे हुए हिस्से पर बोर्डो पेस्ट लगाएं ताकि संक्रमण न हो।
- अनावश्यक शाखाओं की सफाई. नीचे की तरफ बढ़ने वाली, एक-दूसरे को काटने वाली या बहुत पास-पास उगने वाली शाखाओं को हटा दें। जो शाखाएं मुख्य तने से सीधे ऊपर या नीचे जा रही हों, उन्हें भी काट दें। इससे पेड़ का आकार सुंदर बनेगा और हवा का संचार बेहतर होगा।
- मुख्य शाखाओं की छंटाई. मुख्य शाखाओं को उनकी लंबाई का एक तिहाई हिस्सा काट दें। कटाई हमेशा किसी कली के ऊपर से तिरछी करें ताकि पानी न रुके। बाहर की तरफ मुंह करने वाली कली के ऊपर से काटें जिससे नई शाखा बाहर की तरफ बढ़े।
- फलों वाली शाखाओं का ध्यान. फल देने वाली छोटी शाखाओं को बचाकर रखें। आम में बौर आने वाली टहनियों और अमरूद में छोटी फल वाली डालियों को न काटें। केवल बहुत घनी जगहों पर कुछ को हटाएं ताकि बाकी को पर्याप्त धूप मिले।
- कटाई के बाद देखभाल. कटे हुए हिस्सों पर कॉपर सल्फेट का पेस्ट या बोर्डो मिश्रण लगाएं। पेड़ के नीचे की सफाई करें और कटी हुई शाखाओं को जला दें ताकि कीड़े-मकोड़े न पनपें। छंटाई के बाद पेड़ को पानी दें और जैविक खाद डालें।